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उम्मीदवारी के 1 दिन बाद पवन सिंह बोले- आसनसोल से चुनाव नहीं लड़ूंगा

उम्मीदवारी के 1 दिन बाद पवन सिंह बोले- आसनसोल से चुनाव नहीं लड़ूंगा

बीजेपी ने एक दिन पहले ही लोकसभा चुनावों के लिए अपने उम्मीदवारों की पहली सूची जारी की और आज भोजपुरी गायक पवन सिंह ने अपने हाथ वापस खींच लिए। जानिए वजह। 

आगामी लोकसभा चुनाव के लिए भाजपा द्वारा आसनसोल से पवन सिंह को अपना उम्मीदवार बनाए जाने के एक दिन बाद उन्होंने कहा कि वह चुनाव नहीं लड़ेंगे। उनको पश्चिम बंगाल में आसनसोल सीट से उम्मीदवार बनाए जाने का फ़ैसला चौंकाने वाला था। उनको बंगाल का उम्मीदवार घोषित किए जाने के बाद से वह अपने एक गाने को लेकर विवादों में भी थे। उस गाने को लेकर उनकी तीखी आलोचना की जा रही थी। 

इस बीच, भोजपुरी गायक ने भी रविवार को चौंकाने वाले अंदाज में चुनाव नहीं लड़ने की घोषणा कर दी। उन्होंने चुनाव नहीं लड़ने की वजह नहीं बताई है, लेकिन उन्होंने ट्वीट कर कहा है कि वह किसी कारणवश चुनाव नहीं लड़ पाएँगे। 

पश्चिम बंगाल की आसनसोल लोकसभा सीट से भाजपा द्वारा उन्हें मैदान में उतारने पर भारी विरोध हो रहा था। बिहार निवासी 38 वर्षीय पवन सिंह की पसंद ने एक बड़ा विवाद खड़ा कर दिया था। कई लोगों ने उनकी डिस्कोग्राफी की ओर भी इशारा किया था, जिसमें बंगाली महिलाओं के आपत्तिजनक संदर्भ वाले कई गाने हैं। 

आसनसोल लोकसभा सीट से वर्तमान में तृणमूल कांग्रेस के शत्रुघ्न सिन्हा सांसद हैं। गायक-राजनेता बाबुल सुप्रियो ने 2014 और 2019 के आम चुनावों में भाजपा के लिए सीट जीती थी। उनके तृणमूल में चले जाने के बाद सिन्हा को 2022 के उपचुनाव में चुना गया था।

इससे पहले जब बीजेपी ने आसनसोल सीट के लिए शनिवार को पवन सिंह के नाम का ऐलान किया था तो उन्होंने तुरंत पोस्ट करते हुए बीजेपी आलाकमान को धन्यवाद दिया था। उन्होंने लिखा, 'आसनसोल से मुझे लोकसभा उम्मीदवार बनाए जाने के लिए राष्ट्रीय नेतृत्व भारतीय जनता पार्टी के सभी माननीय महानुभावों का वंदन चंदन व अभिनंदन करते हैं।'

तो क्या पवन सिंह ने संभावित नुक़सान को देखते हुए खुद ही उम्मीदवारी वापस ले ली है या फिर उनको शीर्ष नेतृत्व से ऐसा करने के लिए कहा गया है? वैसे, इस सवाल का जवाब तो नहीं दिया गया है, लेकिन समझा जाता है कि उनके विवादास्पद भोजपुरी गानों को लेकर विवाद हुआ है और इससे वोटों का नुक़सान होने का अंदेशा है। इसमें से एक गाना तो पश्चिम बंगाल की लड़कियों से जुड़ा है।

इस बीच पवन सिंह की पोस्ट को रिपोस्ट करते हुए टीएमसी महासचिव अभिषेक बनर्जी ने उन पर चुटकी ली है और लिखा, 'पश्चिम बंगाल के लोगों की अदम्य भावना और ताकत।'

मीडिया रिपोर्टों में कहा गया है कि पवन सिंह के ख़िलाफ़ सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया ने खलबली मचा दी। एनडीटीवी ने सूत्रों के हवाले से ख़बर दी है कि बीजेपी को अनुमान था कि पवन सिंह की उम्मीदवारी आसनसोल में उसकी संभावनाओं को नुकसान पहुंचा सकती है। सूत्रों ने बताया कि उन्हें हटाने का निर्णय लिया गया और फिर उन्हें सूचित किया गया। फिर ट्वीट आया जिसमें अभिनेता-गायक ने कहा कि वह हट रहे हैं।

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